धर्मशाला, 13 सितंबर: खाद्य नागरिक आपूर्ति, परिवहन एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री जीएस बाली ने बुधवार को धर्मशाला में उनके मंत्रालयों की पिछले पौने पांच सालों की उपलब्धियों का ब्यौरा प्रस्तुत करते हुए इस अवधि को विकास की दृष्टि से अभूतपूर्व करार दिया।
उन्होंने कहा कि इस दौरान लोगों की सुख-सुविधा और सेवा के लिए खाद्य नागरिक आपूर्ति, परिवहन एवं तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में अनेक क्रांतिकारी कदम उठाए गए हैं।
जीएस बाली ने बुधवार को धर्मशाला में एक पत्रकारवार्ता को संबोधित करते हुए अपने मंत्रालयों की उपलब्धियों को सांझा किया।
परिवहन सेवा एवं सुविधाओं में बने अव्वल    
परिवहन मंत्री ने कहा कि बीते पौने पांच सालों में प्रदेश में परिवहन सेवा अत्यधिक सुदृढ़ हुई है साथ ही इस क्षेत्र में ढांचागत विकास पर विशेष जोर दिया गया है। सरकार के प्रयासों और सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के सहयोग से एचआरटीसी देशभर में अव्वल परिवहन सेवा प्रदाता बन कर उभरी है।
 उन्होने कहा कि लोगों की सुविधा के लिए परिवहन निगम के बसों के बेड़े को बढ़ाया गया है। निगम के बसों का बेड़ा पूर्व के 1600 बसों से बढ़कर 3200 के करीब हो गया है। यात्रियों को आरामदायक यात्रा अनुभव के लिए लगभग 150 लग्जरी बसंेे बेड़े में शामिल की गई हैं। इसी कड़ी में 16 नई लग्जरी बसंेे ली गई हैं, जो शीघ्र ही महत्वपूर्ण रूट पर चलाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि आने वाले कुछ दिनों में 50 रूटों पर लग्जरी बसें साधारण किराये पर चलाई जाएंगी, ताकि हर वर्ग के लोगों को इसका लाभ मिल सके।
परिवहन मंत्री ने कहा कि प्रदेश में जल परिवहन व्यवस्था सृजित करने के लिए केंद्र ने सैद्धांतिक मंजूरी दी है। गोबिंद सागर, महाराणा प्रताप सागर इत्यादि जलाशयों में ‘फेरी सेवा’ चलाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। इसके लिए 32 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
जीएस बाली ने कहा कि प्रदेश में बड़े पैमाने पर नए बस अड्डों का निर्माण कार्य चल रहा है। इन कार्यों पर करोड़ों रुपए व्यय किए जा रहे हैं। प्रदेश में 7 नए बस अड्डों का लोकार्पण किया जा चुका है तथा 7 और बस अड्डों का निर्माण कार्य भी तकरीबन पूरा कर लिया गया है।
परिवहन मंत्री ने कहा कि सरकार ने हमेशा कर्मचारियांेे एवं सेवानिवृत कर्मियों के हितों को प्राथमिकता दी है । इस अवधि मंे पथ परिवहन निगम के कर्मचारियों को अनेक वित्तिय लाभ देने के अलावा विभिन्न मामलों में कर्मियों के आश्रितों को नौकरी देने में उदारता बरती गई है। उन्होंने कहा कि पथ परिवहन निगम के पेंशनरों की गत माह तक की सारी देय राशि प्रदान कर दी गई हैं।
उन्होने कहा कि युवाओं को स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए प्रदेश के 4 हजार अथवा साढ़े चार हजार फीट से कम उंचाई वाले क्षेत्रों और मैदानी इलाकों में ऑटो रिक्शा संचालन से बैन हटा दिया गया है। अधिकारियों को ऑटो रिक्शा संचालन को लेकर आवेदन पर तुरंत पंजीकरण करने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आखिरी कोने तक लोगांे को यातायात सुविधा प्रदान करने के लिए प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में विशेष तौर पर एक-एक मुद्रिका बस चलाई जाएगी।
खाद्य आपूर्ति विभाग में नवीन तकनीक का इस्तेमाल
जीएस बाली ने कहा कि हिमाचल खाद्य सुरक्षा अधिनियम को सफलतापूर्वक लागू करने में देशभर में दूसरे पायदान पर रहा है। लोगों की सुविधा के लिए खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग ने नवीन तकनीक के  इस्तेमाल में  पहल की है और प्रदेशवासियों को स्मार्ट राशन कार्ड प्रदान किए गए हैं। विभाग ने भंडारण क्षमता को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया है। प्रदेश में डिपुओं को ‘ऑन लाईन’ किया गया है।
प्रदेश के लोगों को उपदानयुक्त दरों पर खाद्य सामग्री उपलब्ध करवाई जा रही है । केंद्र से चीनी पर उपदान बंद होने के बावजूद लोगों की जरूरतों का ख्याल रखते हुए प्रदेश सरकार अपने स्तर पर उपदायुक्त दरों पर चीनी उपलब्ध करवा रही है।


गुणात्मक तकनीकी शिक्षा पर बल
जीएस बाली ने कहा कि प्रदेश सरकार ने युवाओं को तकनीकी रूप से दक्ष बनाने और कुशल श्रम शक्ति के विकास के लिये गुणात्मक तकनीकी शिक्षा उपलब्ध करवाने पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगारोन्मुखी शिक्षा उपलब्ध करवाने के लिये प्रदेशभर में व्यवसायिक शिक्षा के उत्कृष्ट संस्थान खोले गये हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि युवा आत्मनिर्भर बनें और प्रदेश एवं देश की स्मृद्धि में योगदान दे सकंे।
उन्होंने कहा कि युवा वर्ग को केंद्रित कर अनेक योजनायें चलाई गई हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में प्रदेश में 42 नई आईटीआई खोली गई हैं। इसके अलावा 10 अत्याधुनिक आईटीआई खोली गई हैं जहां युवाओं को व्यवसायिक शिक्षा प्रदान की जा रही है। साथ ही प्रदेश में 9 पॉलीटैकनीक, 4 इंजीनियरिंग कॉलेज, नगरोटा बगवां में फार्मेसी कॉलेज, राजीव गांधी इंजीनियरिंग कॉलेज में आर्कीटेक्ट संकाय स्थापित किया गया है। इसके अतिरिक्त परौर में होटल मैनेजमेंट संस्थान खोला जा रहा हैै जिसकी कक्षाएं नगरोटा बगवां में इस सत्र से आरंभ कर दी गई हैं। उन्होंने कहा कि बिलासपुर मंे हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज, सिरमौर में आइआइएम तथा ऊना में आईआईआईटी जैसे उच्च शिक्षा के उत्कृष्ट संस्थान खोले गये हैं।
जीएस बाली ने कहा कि पिछले पौने पांच सालों में उनके मत्रालयों की उपलब्धियां शानदार रही हैं तथा लोगों के जीवन में खुशियां एवं स्मृद्धि लाकर हिमाचल को पूर्ण विकसित राज्य बनाने की दिशा में आगे ले जाने में इनकी महत्वपूर्ण भूमिका है।