कुल्लू -17 जून 2017- हिमाचल में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राज्य पर्यटन विभाग और पर्यटन विकास निगम के सहयोग से भारतीय वायु सेना द्वारा आरंभ किया गया छह दिवसीय साहसिक अभियान शनिवार को कुल्लू में समाप्त हो गया। विंग कमांडर मलिक के नेतृत्व में आयोजित इस अभियान में वायु सेना के अधिकारियों ने भाग लिया, जिनमें कुछ महिला अधिकारी भी शामिल रहीं। अधिकारियों के इस दल ने प्रदेश के विभिन्न जिलों में ट्रैकिंग, पैराग्लाइडिंग, रिवर राफ्टिंग और कई अन्य साहसिक गतिविधियों को अंजाम दिय

  शनिवार शाम को कुल्लू में राज्य पर्यटन विकास निगम के होटल सरवरी में आयोजित अभियान के समापन समारोह में वन, मत्स्य पालन और जनजातीय विकास मंत्री ठाकुर सिंह भरमौरी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की और अभियान के सभी प्रतिभागियों को सर्टिफिकेट वितरित किए। 
  इस अवसर पर वायु सेना, पर्यटन विभाग और पर्यटन विकास निगम के सामूहिक प्रयासों की सराहना करते हुए वन मंत्री ने कहा कि हिमाचल में मौजूद साहसिक पर्यटन की अपार संभावनाओं को विश्व मानचित्र पर उभारने की दिशा में यह अभियान काफी महत्वपूर्ण साबित होगा। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार ईको टूरिजम और एडवेंचर टूरिजम को बड़े पैमाने पर बढ़ावा दे रही है। इससे प्रदेश में पर्यटन उद्योग का व्यापक विस्तार होगा और युवाओं के लिए स्वरोजगार के अवसर पैदा होंगे। 
   इस मौके पर पर्यटन विकास निगम के निदेशक मंडल के सदस्य एवं नगर परिषद कुल्लू के उपाध्यक्ष गोपाल कृष्ण महंत ने वन मंत्री, अन्य अतिथियों और वायु सेना के अधिकारियों का स्वागत किया तथा कुल्लू में निगम की योजनाओं की जानकारी दी। समापन समारोह में पूर्व मंत्री सत्य प्रकाश ठाकुर, प्रदेश कांग्रेस महासचिव सुंदर सिंह ठाकुर, भुवनेश्वर गौड़, धर्मवीर धामी, जिला पर्यटन विकास अधिकारी रतन गौतम और पर्यटन विकास निगम के निदेशक मंडल सदस्य रूपेश कंवर भी उपस्थित थे।