सदा-सदा के लिए खामोश हुए पत्रकार जगत की एक और कलम....धनेश गौतम 
पत्रकार सुनील शर्मा के निधन पर नॉर्थ इंडिया पत्रकार ऐसोसिएशन में शोक की लहर 
 
कुल्लू, 19 मार्च। पत्रकार जगत की एक और कलम सदा-सदा के लिए खामोश हो गई है। पत्रकार सुनील शर्मा का आकस्मिक निधन हिमाचल की पत्रकारिता के लिए एक बहुत बड़ा नुकसान है। जिसकी भरपाई करना बहुत मुश्किल है। यह बात नॉर्थ इंडिया पत्रकार ऐसोसिएशन हिमाचल राज्य के अध्यक्ष एवं प्रेस क्लब ऑफ कुल्लू के प्रधान धनेश गौतम ने कही। उन्होंने कहा कि सुनील शर्मा वेहद मेहनतकश कलम के सिपाही रहे हैं। हमें उनके साथ 12 वर्ष काम करने का अवसर प्रदान हुआ है। उस समय विजय पूरी स्टेट ब्यूरो प्रभारी थे और सुनील शर्मा स्टेट के विशेष संवाददाता। वर्ष 2008 में विजय पूरी सहित हम काफी सारे सहयोगी उस संस्थान से बिछुड़ गए लेकिन सुनील शर्मा आज तक उसी संस्थान में सेवाएं देते रहे। सुनील को पत्रकारिता का बहुत अनुभव रहा है। वे मृदुभाषी, कर्मयोगी, मेहनती, आत्म विश्वासी व पत्रकारिता में लग्र रखने वाले पत्रकार थे। उनके अचानक निधन से प्रदेश ने पत्रकारिता जगत का एक हीरा व कलम का सच्चा सिपाही खोया है। हमारी जब भी बात होती थी तो उनमें हमेशा हिमाचल के पत्रकारों के उत्थान की चिंता झलकती थी। हम कभी भी उनकी कमी को पूरा नहीं कर पाएंगे। भगवान उनकी आत्मा को शांति दें और परिवार को इस दु:ख की घड़ी में सहनशक्ति प्रदान करें। यही हम भगवान से कामना करते हैं। उन्होंने सरकार व संबंधित संस्थान से मांग की है कि सुनील शर्मा के परिवार को आर्थिक मदद दी जाए। उधर, प्रेस क्लब ऑफ कुल्लू, मनाली, पतलीकूहल, खराहल वैली, स्नोर वैली, बंजार, आनी के तमाम पदाधिकारियों व सदस्यों ने सुनील शर्मा के निधन पर गहरा शोक प्रकट किया है। 
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जन-जन व गांव-गांव तक पहुंचाया जा रहा है सहकारी आंदोलन...सत्य प्रकाश ठाकुर
कुल्लू में सहकारिता नेतृत्व विकास कार्यक्रम प्रशिक्षण शिविर शुरू 
राष्ट्रीय सहकारी संघ व जिला सहकारी संघ कुल्लू के बैनर तले हो रहा आयोजन 
धनेश गौतम 
कुल्लू, 19 मार्च। जिला में सहकारी संघ की स्थापना का मुख्य उद्देश्य सहकारिता आंदोलन को जन-जन तक पहुंचाना रहा है। इस संघ की स्थापना में स्वर्गीय ठाकुर वेद राम की प्रेरणा और प्रयासों का बहुत योगदान रहा है। यह बात पूर्व मंत्री एवं जिला सहकारी संघ के अध्यक्ष सत्य प्रकाश ठाकुर ने सहकार भवन सरवरी में कही। वे यहां सहकारिता नेतृत्व विकास कार्यक्रम प्रशिक्षण शिविर के शुभारंभ अवसर पर बोल रहे थे। यहां पर जिला सहकारी संघ व राष्ट्रीय सहकारी संघ के सौजन्य से इस कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यक्रम कुल्लू जिला की विभिन्न सहकारी समितियों के अध्यक्षों, संचालकों एवं प्रगतिशील सदस्यों के लिए आयोजित किया जा रहा है। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि इस संघ ने समय-समय पर सहकारी आंदोलन को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किए और उन्हीं कार्यों को सफलतापूर्वक चला रही है। यही कारण है कि आज जिला कुल्लू का सहकारी संघ देशभर में अव्वल है। उन्होंने कहा कि संघ सहकारी सभाओं के निर्वाचित प्रबंध से समिति के सदस्यों, सहकारी सभाओं के कर्मचारियों एवं प्रगतिशील सहकारी सभाओं के सदस्यों के लिए प्रशिक्षण शिविरों, कार्यशालाओं तथा सम्मेलन का आयोजन कर रहा है। उन्होंने कहा कि महिलाओं, अनुसुचित जाति, आदिवासी, अति पिछड़ी जाति के सदस्यों को सहकारिता आंदोलन से जोडऩे के लिए संघ प्रत्यक्ष रूप से प्रयत्नशील है और इस दिशा में सदैव कोशिश की जा रही है कि उन्हें संघ द्वारा आयोजित कार्यक्रमों में आमंत्रित किया जाए ताकि सहकारी आंदोलन घर-घर व गांव-गांव तक पहुंच सके। उन्होंने बताया कि इस तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में बदलते हुए आर्थिक परिवेश में सहकारी आंदोलन के समक्ष चुनौतियों के अलावा सहकारिता का अर्थ एवं उद्देश्य, सहकारी सभाओं के संसाधनों को कैसे बढ़ाया जाए, प्रबंध समिति की योग्यताओं के बारे में मंथन किया जाएगा और सदस्यों को प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके अलावा यदि आप प्रधान हैं, यदि आप सचिव हैं, उपविधियों में संशोधन, प्राथमिक सहकारी सभाओं के लिए क्या करें व क्या न करें, पुस्तपालन व लेखापालन, सहकारी अधिनियम, नियम, उप विधियों का महत्व, सहकारी विक्रय कला, सहकारी सभाओं में रिकोर्ड की जानकारी व सहकारी नेतृत्व विकास के कार्यों के लिए सहकारी शिक्षा के महत्व के बारे में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस प्रशिक्षण शिविर में जिलाभर के सहकार से जुड़े हुए लोगों को आमंत्रित किया गया है और यहां पर वे सहकारी प्रशिक्षण शिविर का भरपूर आनंद उठा रहे हैं।