सोलन -दिनांक 04.07.2020
सोलन जिला से आज कोरोना संक्रमण जांच के लिए भेजे गए 422 सैम्पल

सोलन जिला से आज कोरोना वायरस संक्रमण की पुष्टि के लिए 422 व्यक्तियों के रक्त नमूने केन्द्रीय अनुसंधान संस्थान कसौली भेजे गए। यह जानकारी आज यहां जिला स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. एनके गुप्ता ने दी।
डाॅ. गुप्ता ने कहा कि इन 422 रक्त नमूनों में से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नालागढ़ से 130, नागरिक अस्पताल बद्दी से 77, ईएसआई काठा से 55, क्षेत्रीय अस्पताल सोलन से 53, एमएमयू कुम्हारहट्टी से 44, नागरिक अस्पताल अर्की से 09, नागरिक अस्पताल कण्डाघाट से 09, ईएसआई परवाणू से 14, ईएसआई झाड़माजरी से 27 तथा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र सायरी से 04 सैम्पल कोरोना वायरस संक्रमण जांच के लिए भेजे गए हैं।
उन्होंने कहा कि गत दिवस भेजे गए 326 सैम्पल में से 01 सैम्पल पाॅजिटिव पाया गया है। 05 सैम्पल जांच प्रक्रिया में हैं। शेष सभी सैम्पल नेगेटिव पाए गए हैं।
डाॅ. गुप्ता ने कहा कि जिला में अभी तक 112 व्यक्ति कोविड-19 पाॅजिटिव पाए गए हैं। इनमें से वर्तमान में 48 व्यक्ति कोविड एक्टिव हैं। कोरोना संक्रमित व्यक्तियों में से ईएसआई काठा में 16, नौणी में 05, श्रमिक छात्रावास नालागढ़ में 22 का उपचार किया जा रहा है। मानकों के अनुसार 04 कोरोना रोगियों का उपचार घर पर किया जा रहा है। 01 कोरोना संक्रमित व्यक्ति को उपचार के लिए इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान चिकित्सा महाविद्यालय शिमला भेजा गया है।
उन्होंने कहा कि सोलन जिला से अभी तक 13550 सैम्पल कोरोना वायरस संक्रमण जांच के लिए भेजे जा चुके हैं।
जिला स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा बाहरी राज्यों से प्रदेश में आने वाले लोगों से आग्रह किया कि वे क्वारेनटाइन सम्बन्धी दिशा-निर्देशों का पूर्ण पालन करें। उन्होंने कहा कि इन नियमों की अनुपालना न केवल बाहर से आने वाले व्यक्तियों के परिवारों अपितु समाज को किसी भी प्रकार के संक्रमण से बचाने में सहायक सिद्ध होगी।
डाॅ. गुप्ता ने सभी से आग्रह किया कि खांसी, जुखाम, बुखार या सांस लेने में तकलीफ होने पर शीघ्र समीप के स्वास्थ्य संस्थान से सम्पर्क करें। इस सम्बन्ध में किसी भी सहायता के लिए हैल्पलाईन नम्बर 104 तथा दूरभाष नम्बर 221234 पर सम्पर्क किया जा सकता है।

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सोलन -दिनांक 04.07.2020
सोलन जिला में 2458 व्यक्ति स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में- डाॅ. गुप्ता

कोविड-19 के खतरे के दृष्टिगत स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मन्त्रालय के दिशा-निर्देशानुसार सोलन जिला में वर्तमान में 2458 व्यक्तियों को निगरानी में रखा गया है। यह जानकारी आज यहां जिला स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. एन.के. गुप्ता ने दी।
डाॅ. गुप्ता ने कहा कि इन 2458 व्यक्तियों में से 1980 व्यक्तियों को होम क्वारेन्टीन किया गया है। इनमें से 1318 व्यक्ति ऐसे हैं जिन्हें अन्य राज्योें से जिला में आने के उपरान्त होम क्वारेन्टीन किया गया है। 662 अन्य व्यक्ति होम क्वारेन्टीन हैं। 434 व्यक्ति संस्थागत क्वारेन्टीन में हैं।
जिला स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा कि जिला में अभी तक 13780 व्यक्ति 14 दिन की निगरानी अवधि पूर्ण कर चुके हैं।
उन्होंने कहा कि जिला में अभी तक कुल 16238 व्यक्तियों को निगरानी में रखा जा चुका है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में 01 व्यक्ति को आईसोलेशन में रखा गया है।
उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि सार्वजनिक स्थानों पर सोशल डिस्टेन्सिग नियम का पालन करें और दो व्यक्तियों के मध्य कम से कम दो गज की दूरी बनाए रखें। उन्होेंने सभी से आग्रह किया कि आरोग्य सेतु एप डाऊनलोड करें और इस एप में दिए गए निर्देशों का पालन करें। उन्होंने कहा कि बाहरी राज्यों से आ रहे सभी व्यक्तियों को क्वारेनटाइन के सम्बन्ध में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशांे का पालन करना आवश्यक है।

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सोलन-दिनांक 04.07.2020
डाॅ. सैजल 05 जुलाई को सोलन के प्रवास पर

सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डाॅ. राजीव सैजल 05 जुलाई, 2020 को सोलन के प्रवास पर रहेंगे।
डाॅ. सैजल 05 जुलाई, 2020 को प्रातः 10.00 बजे कसौली विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत कुम्हारहट्टी में राष्ट्रीय उच्च मार्ग के फोरलेन निर्माण कार्य से क्षतिग्रस्त मकानों का निरीक्षण करेंगे। वे तदोपरांत 10.50 बजे धर्मपुर स्थित लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह में जनसमस्याएं सुनेंगे।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री इसी दिन दोपहर 1.30 बजे परिधि गृह परवाणू में लोगों की समस्याएं सुनेंगे।

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सोलन-दिनांक 04.07.2020
जेबीटी दिव्यांग श्रेणी पद के लिए आवेदन की जानकारी

जिला सोलन में कनिष्ठ बुनियादी अध्यापक (जेबीटी), दिव्यांग (पर्सन्स विद आॅर्थो डिस्ऐबिलिटी) उम्मीदवारों के लिए टेट मेरिट 2017 के आधार पर 01 पद भरा जाना है। यह जानकारी उप शिक्षा अधिकारी चंद्रमोहन शर्मा ने दी।
उन्होंने कहा कि उक्त पद के लिए निदेशक श्रम एवं विशेष रोजगार कार्यालय हिमाचल प्रदेश से अभी तक 19 उम्मीदवारांे के नाम प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि उक्त उम्मीदवारों को बुलावा पत्र तिथि निर्धारण होने पर भेज दिए जाएंगे।
चंद्रमोहन शर्मा ने अन्य जिलों से साक्षात्कार में भाग लेने वाले उम्मीदवारों से आग्रह किया कि वे 20 जुलाई, 2020 तक अपना नाम निदेशक श्रम एवं रोजगार कार्यालय हिमाचल प्रदेश, शिमला के माध्यम से उप निदेशक प्रारंभिक शिक्षा सोलन, जिला सोलन को भेजना सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि निर्धारित तिथि के उपरांत कोई भी प्रतिवेदन स्वीकृत नहीं होगा। उन्होंने कहा कि साक्षात्कार के लिए समय, स्थान व तिथि कोविड-19 की स्थिति के दृष्टिगत 20 जुलाई तक प्राप्त आवेदनों के आधार पर निर्धारित की जाएगी।

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सोलन -दिनांक 04.07.2020
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका पदों के लिए आवेदन आमंत्रित

समेकित बाल विकास परियोजना कण्डाघाट में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता का 01 तथा आंगनबाड़ी सहायिकाओं के 05 पद भरने के लिए साक्षात्कार 20 जुलाई, 2020 को प्रातः 11.00 बजे बाल विकास परियोजना अधिकारी कार्यालय सोलन के सभागार में आयोजित किए जाएंगे। यह जानकारी आज यहां सीडीपीओ कण्डाघाट पवन गुप्ता ने दी।
उन्होंने कहा कि इन पदों पर सरकार द्वारा समय-समय पर निर्धारित मानदेय देय होगा। इच्छुक अभ्यर्थी 20 जुलाई 2020 को प्रातः 10.00 बजे तक बाल विकास परियोजना अधिकारी कार्यालय कण्डाघाट के कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि समेकित बाल विकास परियोजना कण्डाघाट के तहत ग्राम पंचायत पौधना में बाल विकास परियोजना वृत वाकनाघाट के आंगनबाड़ी केंद्र पपलोल में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता का 01 पद भरा जाना है।
पवन गुप्ता ने कहा कि समेकित बाल विकास परियोजना कण्डाघाट के तहत ग्राम पंचायत मही में बाल विकास परियोजना वृत कण्डाघाट के तहत आंगनबाड़ी केंद्र हाथौ पल्हेच, ग्राम पंचायत छावशा में बाल विकास परियोजना वृत वाकनाघाट के तहत आंगनबाड़ी केंद्र डयोन्डा, ग्राम पंचायत बीशा में बाल विकास परियोजना वृत साधुपुल के तहत आंगनबाड़ी केंद्र क्यारटू, ग्राम पंचायत बांजणी में बाल विकास परियोजना वृत साधुपुल के तहत आंगनबाड़ी केंद्र शिलाई तथा ग्राम पंचायत काहला में बाल विकास परियोजना वृत सायरी के तहत आंगनबाड़ी केंद्र काहला में आंगनबाड़ी सहायिका का एक-एक पद भरा जाना है।
उन्होंने कहा कि इन पदों के लिए वही महिला उम्मीदवार पात्र हैं जो सम्बन्धित आंगनवाड़ी केन्द्र के लाभान्वित क्षेत्र में प्रथम जनवरी 2020 को सामान्य रूप से रह रहे परिवार से सम्बन्ध रखती हो। उम्मीदवार की आयु 21 से 45 वर्ष के मध्य होनी चाहिए। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता के लिए उम्मीदवार की न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता दस जमा दो, मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के लिए दसवीं तथा आंगनवाड़ी सहायिका के लिए आठवीं पास होनी चाहिए। सहायिका पद के लिए आठवीं पास शैक्षणिक योग्यता के उम्मीदवार उपलब्ध न होने की स्थिति में पांचवीं पास न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता महिला पर भी विचार किया जाएगा। किन्तु इसके लिए अन्य शर्तें पूर्ण होनी चाहिएं।
उन्होंने कहा कि इन पदों के लिए उम्मीदवार के परिवार की वार्षिक आय 35 हजार रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। इस संबंध में उम्मीदवार को तहसीलदार अथवा नायब तहसीलदार द्वारा जारी तथा प्रतिहस्ताक्षरित प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।
उन्होंने कहा कि आवेदक को आवेदन पत्र के साथ आयु, शैक्षणिक योग्यता, जाति, अपंगता, अनुभव, हिमाचली, परिवार रजिस्टर की नकल व अन्य योग्यता प्रमाणपत्रों की प्रमाणित प्रतियां साक्षात्कार के समय या इससे पूर्व जमा करवाने होंगे। उम्मीदवारों को पंचायत सचिव अथवा तहसीलदार से प्रतिहस्ताक्षरित स्थाई निवासी का प्रमाण पत्र लाना भी अनिवार्य है।
आय प्रमाण पत्र तहसीलदार अथवा नायब तहसीलदार या इनसे अधिक स्तर के अधिकारी से प्रतिहस्ताक्षरित होना चाहिए। उम्मीदवारों को साक्षात्कार के दिन इन सभी प्रमाणपत्रों की मूल प्रतियां अपने साथ लाना अनिवार्य हैं।
इच्छुक पात्र महिला उम्मीदवार इन पदों के लिए समस्त प्रमाण पत्रों की सत्यापित छाया प्रतियों सहित बाल विकास परियोजना अधिकारी कण्डाघाट के कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं।
अधिक जानकारी के लिए इच्छुक उम्मीदवार समीप के आंगनवाड़ी केन्द्र अथवा बाल विकास परियोजना अधिकारी कण्डाघाट के कार्यालय दूरभाष नम्बर 01792-256367 पर सम्पर्क कर सकते हैं।

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सोलन -दिनांक 04.07.2020
जिला खनिज स्थापना न्यास सोलन द्वारा कोविड-19 के दौरान उपलब्ध करवाए गए 2.23 करोड़ रुपये

जिला दण्डाधिकारी सोलन केसी चमन ने कहा कि विश्वव्यापी कोविड-19 महामारी के दौरान जिला में सभी विभागों द्वारा बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्य किया गया है। इस दिशा में उद्योग विभाग की खनन इकाई ने सराहनीय भूमिका निभाई है। केसी चमन गत सांय जिला खनिज स्थापना न्यास की शासी परिषद (डीएमएफटी) की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे।
केसी चमन ने कहा कि उद्योग विभाग की खनन इकाई सोलन जैसे औद्योगिक रूप से महत्वपूर्ण जिला में अत्यंत आवश्यक कार्य कर रही है। खनन इकाई द्वारा विभाग की अन्य इकाईयों के सहयोग से जहां जिला में उपलब्ध खनिज सम्पदा के विषय में सारगर्भित जानकारी प्रदान करवाई जाती है वहीं जिला में वैध तथा अवैध खनन गतिविधियों का पूर्ण अनुश्रवण भी किया जाता है। उन्होंने खनन अधिकारी को निर्देश दिए कि सोलन जिला में अवैध खनन गतिविधियों पर नजर रखी जाए और इस दिशा में नियमानुसार उचित कार्रवाई अमल में लाई जाए।
उपायुक्त ने कहा कि कोविड-19 के समय में सोलन जिला में कार्यरत खनन इकाई द्वारा महत्वपूर्ण कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिला खनिज स्थापना न्यास सोलन द्वारा जहां कोविड-19 काल में प्रशासन को लगभग 2.23 करोड़ रुपये उपलब्ध करवाए गए हैं वहीं राशन किट, सेनिटाईजर, पीपीई किट के लिए भी योगदान दिया गया है।
बैठक में बद्दी तथा नालागढ़ में एक-एक खनन चेकपोस्ट स्थापित करने की स्वीकृति भी प्रदान की गई।
न्यास के सदस्य सचिव एवं सोलन जिला के खनन अधिकारी कुलभूषण शर्मा ने न्यास की गतिविधियों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि न्यास द्वारा कोविड-19 महामारी के दृष्टिगत पूर्ण धनराशि भारत सरकार के निर्देशानुसार उपलब्ध करवाई गई है।
बैठक में जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक राजीव कुमार, वन मंडलाधिकारी एके वर्मा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. राजन उप्पल, जिला स्वास्थ्य अधिकारी एनके गुप्ता तथा लोक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता पीआर नेगी उपस्थित थे। .0.
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सोलन-दिनांक 04.07.2020
प्रदेश विद्युत बोर्ड के कार्य के दृष्टिगत कामगारों के सम्बन्ध में आदेश

जिला दण्डाधिकारी सोलन केसी चमन ने कोविड-19 के दृष्टिगत हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बार्ड लिमिटिड के निर्माण एवं अन्य कार्यों के सुचारू कार्यान्वयन के लिए आदेश जारी किए हैं।
यह आदेश विद्युत बोर्ड से सम्बन्धित कार्य के लिए अर्धकुशल एवं कुशल कामगारों तथा श्रमिकों के सोलन जिला में विभिन्न निर्माण स्थलों तक पहुंचने के लिए अंतरराज्यीय आवागमन के दिशा-निर्देश एवं प्रक्रिया के विषय में हैं।
इन आदेशों के अनुसार हिमाचल प्रदेश के बाहर से आने वाले कामगारों एवं श्रमिकों को सोलन जिला में अपने निर्माण स्थल तक पहुंचने के लिए ‘वन टाईम’ (एक बार) अंतरराज्यीय प्रवेश की अनुमति प्रदान की जाएगी।
हिमाचल प्रदेश के बाहर से आने वाले श्रमिकों एवं कामगारों को ‘वन टाईम’ (एक बार) प्रवेश के लिए उचित माध्यम द्वारा आवेदन करना होगा। कामगारों एवं श्रमिकों के वन टाईम प्रवेश के लिए हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटिड के सम्बन्धित अधिशाषी अभियंता को सम्बन्धित ठेकेदार, ठेकेदार का प्राधिकृत हस्ताक्षरकर्ता, फर्म या कंपनी द्वारा ईमेल या अन्य इलैक्ट्राॅनिक माध्यम अथवा व्यक्तिगत रूप से प्रार्थना पत्र की प्रति के साथ आवेदन करना होगा। आवेदन के साथ निर्धारित प्रपत्र पर लिखित में शपथ प्रस्तुत करनी होगी।
बाहरी राज्यों से प्रदेश में आने वाले कामगारों तथा श्रमिकों को पूर्व निर्धारित क्वारेन्टाइन सुविधा स्थलों में रखा जाएगा। कामगार एवं श्रमिक कार्यस्थल पर पहले से कार्य कर रहे कामगारों व स्थानीय लोगों के साथ मेलजोल नहीं करेंगे। क्वारेन्टीन सुविधा की विस्तृत जानकारी मानक परिचालन प्रक्रिया के साथ निर्धारित प्रपत्र पर उपलब्ध करवाई जाएगी।
ऐसे कामगारों एवं श्रमिकों का कोविड-19 पाॅजिटिव व्यक्तियों के साथ न तो कोई सम्पर्क होना चाहिए और न ही उन्होंने कोरोना संक्रमित व्यक्तियों के साथ कोई यात्रा की हो।
बाहरी राज्यों से प्रदेश विद्युत बार्ड के साथ कार्य करने वाले कामगारांे एवं श्रमिकों का प्रवेश पंजीकरण जिला की अंतरराज्यीय सीमाओं पर किया जाना चाहिए। यहीं पर इनकी चिकित्सीय स्क्रीनिंग की जाएगी। कार्यस्थल पर भी इनका समय-समय स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा।
आदेशों के अनुसार प्रदेश विद्युत बोर्ड के सम्बन्धित अधिशाषी अभियंता मुख्य चिकित्सा अधिकारी सोलन के परामर्श के अनुसार समय-समय पर रेंडम सैम्पलिंग सुनिश्चित बनाएंगे।
सरकार एवं जिला दण्डाधिकारी द्वारा सोशल डिस्टेन्सिग, सेनेटाइजेशन सहित समय-समय पर जारी अन्य नियमों की अनुपालना सुनिश्चित बनाई जाएगी।
उपरोक्त मानक परिचालन प्रक्रिया के अनुसार बाहरी राज्यों से आने वाले श्रमिकांे एवं कामगारों के लिए प्रदेश विद्युत बोर्ड के सम्बन्धित अधिशाषी अभियंता द्वारा जारी केवल वन टाईम (एक बार) अनुमति ही पर्याप्त होगी। इस सम्बन्ध में पुलिस अधीक्षक बद्दी, उप पुलिस अधीक्षक परवाणू तथा सोलन को सूचित करना अनिवार्य होगा। इन श्रमिकों एवं कामगारों को अन्य किसी अनुमति अथवा प्रवेश पत्र की आवश्यकता नहीं होगी।
पुलिस अधीक्षक सोलन एवं बद्दी, सम्बन्धित उपमण्डलाधिकारी तथा प्रदेश विद्युत बोर्ड के सम्बन्धित अधिशाषी अभियंता इन आदेशों की अनुपालना सुनिश्चित बनाएंगे।
यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गए हैं तथा आगामी आदेशों तक प्रभावी रहेंगे।
इन आदेशों की उल्लंघना पर भारतीय दंड संहिता की धारा 188 तथा अन्य सम्बन्धित नियमों के अनुरूप कार्रवाई की जाएगी।

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सोलन-दिनांक 04.07.2020
कामगारों के आवागमन के सन्दर्भ में आदेश

जिला दण्डाधिकारी सोलन के.सी. चमन ने जिला में कामगारों के आवागमन के सम्बन्ध में 26 मार्च, 2020 को जारी अपने आदेशों के सन्दर्भ में परिशिष्ट जारी किया है।
जिला दण्डाधिकारी द्वारा जारी परिशिष्ट के अनुसार प्रदेश के भीतर कामगारों को उनके आवास अथवा रहने के स्थान से उद्योग परिसर लाने-ले-जाने के लिए उद्योग की अथवा किराए पर ली गई बस या वाहन द्वारा आवागमन के लिए चालक सहित वाहन की कुल क्षमता के 70 प्रतिशत से अधिक यात्रियों की शर्त में छूट प्रदान की गई है।
आदेशों में स्पष्ट किया गया है कि उक्त छूट के साथ सोशल डिस्टेन्सिग नियम का पालन करना होगा और वाहन में खड़े होकर यात्रा नहीं की जा सकेगी।
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अब पंजीकरण करवाकर अपने घर आ सकते हैं कांगड़ा जिला के नागरिक
रेड जोन से आने नागरिकों के लिए संस्थागत क्वारंटीन का प्रावधान
सामाजिक दूरी तथा होम क्वारंटीन की अनुपालना करें सुनिश्चित: डीसी
धर्मशाला, 04 जुलाई। अनलॉक-2 में बाहरी राज्योें में रह रहे कांगड़ा निवासी ई-कोविड की वेबसाइट पर पंजीकरण करवाकर वापिस अपने घर आ सकते हैं। देश के रेड जोन क्षेत्रों से आने वाले कांगड़ा निवासियों को संस्थागत क्वारंटीन करने का प्रावधान किया गया है इसमें बच्चों तथा वरिष्ठ नागरिकों को होम क्वारंटीन किया जाएगा जबकि अन्य क्षेत्रों से आने वाले कांगड़ा निवासियों को भी 14 दिन तक होम क्वारंटीन में रहना होगा।
यह जानकारी उपायुक्त राकेश प्रजापति ने धर्मशाला में शनिवार को प्रेस वार्ता के दौरान दी। उन्होंने कहा कि ई-कोविड पर पंजीकरण की स्लिप भी मोबाइल नंबर पर आएगी जिसको बैरियर या नाके पर दिखाकर कांगड़ा निवासी प्रवेश कर सकते हैं इसकी सूचना संबंधित एसडीएम को भी भेजी जाएगी ताकि बाहर से आने वाले कांगड़ा के नागरिकों की सुचारू मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जा सके। रेलवे तथा हवाई सेवाओं के माध्यम से आने वाले नागरिकों के लिए भी होम क्वारंटीन तथा संस्थागत क्वारंटीन की शर्तें लागू रहेंगी।
उन्होंने कहा कि व्यवसायिक कारणों से आवाजाही करने वालों, बाहरी राज्यों से मजदूरी इत्यादि के लिए आने वालों को भी अनुमति प्रदान की गई है। बाहरी राज्यों के सीमावर्ती क्षेत्रों से कार्य या बिजनेस को लेकर रोजाना आवाजाही करने वालोें को भी पंजीकरण करवाने की आवश्यकता नहीं है इन लोगों का डाटाबेस प्रशासन के पास पहले से ही उपलब्ध है। बाहरी राज्यों में 48 घंटें का राउंड ट्रिप पूरा करने पर भी क्वारंटीन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सैन्य सेवाओं एवं पैरामेडिकल स्टाफ को उनके आफिसियल आईकार्ड पर प्रवेश मिलेगा। उन्होंने कहा कि किसी भी टूरिस्ट को कांगड़ा जिला में आने के लिए 72 घंटे पहले की कोविड-19 की सेंपल रिपोर्ट नेगेटिव होना जरूरी है इसके साथ ही एक ही जगह पर पांच दिन होटल में बुकिंग भी अनिवार्य है।
उपायुक्त राकेश प्रजापति ने कहा कि अनलॉक-2 में सुबह पांच बजे से लेकर रात्रि नौ बजे तक ढील रहेगी। उन्होंने कहा कि ट्रेंकिग गतिविधियों को आरंभ करने के लिए भी छूट प्रदान कर दी गई है जबकि पैराग्लाइडिंग, स्पोर्ट्स गतिविधियां इत्यादि को लेकर अभी पहले जैसी ही स्थिति रहेगी।
सामाजिक दूरी तथा होम क्वारंटीन की अनुपालना करें सुनिश्चित:
उपायुक्त राकेश प्रजापति ने कहा कि अनलॉक-दो में नागरिकों को आवाजाही सहित बाजारों इत्यादि खुलने में छूट प्रदान की गई है ऐसी स्थिति में अब नागरिकों को जिम्मेदारी के साथ सामाजिक दूरी तथा होम क्वारंटीन के नियमों की अनुपालना सुनिश्चित करनी होगी। उन्होंने कहा कि होम क्वारंटीन नागरिकों को भी परिवार तथा समाज की सुरक्षा के लिए अपना दायित्व निभाना होगा। उपायुक्त राकेश प्रजापति ने कहा कि समाज के सभी नागरिक अगर सामाजिक दूरी, होम क्वारंटीन तथा स्वास्थ्य विभाग के निर्देशों का पूरी पालना करेंगे तो निश्चित तौर पर कोरोना के संक्रमण को फैलने से रोका जा सकता है।

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घास और पत्तियों के अवैज्ञानिक निपटान के बुरे प्रभावों के बारे करेंगे जागरूक
धर्मशाला, 04 जुलाई: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की एक विशेष बैठक आज एडीआर केन्द्र धर्मशाला में आयोजित की गई जिसकी अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (जिला और सत्र न्यायाधीश) के अध्यक्ष जेके शर्मा ने की। जिसमें जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सदस्यों ने भाग लिया। सदस्यों में उपायुक्त कांगड़ा राकेश कुमार प्रजापति, पुलिस अधीक्षक कांगड़ा विमुक्त रंजन, जिला न्यायवादी धर्मशाला राजेश वर्मा, अध्यक्ष, बार ऐसोसिएशन धर्मशाला तरूण शर्मा, सीजेएम धर्मशाला यजुविंदर सिंह तथा सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण धर्मशाला अमित मंडयाल उपस्थित थे।
बैठक में नगर निगम धर्मशाला के आयुक्त प्रदीप ठाकुर, जिला वन अधिकारी डॉ.संजीव शर्मा, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड धर्मशाला के वरिष्ठ अभियंयता डॉ.आरके नड्डा, जिला पंचायत अधिकारी अश्वनी कुमार शर्मा तथा प्रबंधक, ओप्रेशन वेस्ट वाॅिरयर्स योगेश शुक्ला गैर सरकारी संस्थाओं के पदाधिकारी विशेष आमंत्रित सदस्यों के रूप में उपस्थित थे।
बैठक में कचरा/अपशिष्ट कागज/सूखी पत्तियों/देवदार पत्तियां/घास के जलने, पाइन पत्तों आदि के अवैज्ञानिक निपटान के कारण पर्यावरण प्रदूषण के मुद््दे पर चर्चा की गई। बैठक में यह भी संकल्प लिया गया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण धर्मशाला, नगर निगम धर्मशाला, गैर सरकारी संस्था वेस्ट वॉरियर्स, पंचायत पदाधिकारी, पीएलवीएस और कानूनी सहायता पदाधिकारी पर्यावरण को बचाने के लिए जिला कांगड़ा के लोगों को शिक्षित करने के लिए एक अभियान शुरू करेंगे और पर्यावरण की रक्षा के लिए और लोगों को जलते कूड़े/कचरे/सूखी पत्तियों/देवदार की पत्तियों/घास के बुरे प्रभावों के बारे में जागरूक करेंगे ताकि मास्क पहनते समय सांस लेने में लोगों को कोई असुविधा न हो।