इनेलो के युवा इकाई के राष्ट्रीय प्रभारी कर्ण चौटाला ने एचपीएससी के खिलाफ धरने पर बैठे असिस्टेंट प्रोफेसर (इंग्लिश) अभ्यर्थियों को पंचकुला स्थित धरना स्थल पर जाकर दिया समर्थन, पीड़ित बच्चों की बात सुनी
कहा - धरनारत बच्चों के समर्थन में इनेलो सभी जिलों के उपायुक्तों को ज्ञापन देगी, जरूरत पड़ी तो इस लड़ाई को लड़ने के लिए बड़ा प्रदर्शन करेंगे
धरने पर बैठे बच्चों ने कर्ण चौटाला को बताया कि वे सभी नेट पास किए हुए हैं, उनमें से बहुत सारे पीएचडी हैं और जीआरफ क्वालिफाइड हैं, बावजूद इसके एचपीएससी चेयरमैन कह रहे हैं कि जिस यूनिवर्सिटी में वे पढ़े हैं वो बेकार हैं
अगर हरियाणा की यूनिवर्सिटी बेकार हैं तो उन्हें क्यों दी हुई है मान्यता: कर्ण चौटाला
चंडीगढ़, 24 जनवरी। इंडियन नेशनल लोकदल की युवा इकाई के राष्ट्रीय प्रभारी कर्ण चौटाला ने एचपीएससी के खिलाफ धरने पर बैठे असिस्टेंट प्रोफेसर (इंग्लिश) को पंचकुला सेक्टर 5 में धरना स्थल पर जाकर इनेलो पार्टी की तरफ से समर्थन दिया। उनके साथ इनेलो के प्रदेश प्रधान महासचिव गौरव संपत सिंह, युवा इकाई के प्रदेश अध्यक्ष अरविंद गोस्वामी और छात्र इकाई आइएसओ के प्रदेश अध्यक्ष साहिल दीप कसवां भी मौजूद रहे। धरने पर बैठे बच्चों ने कर्ण चौटाला को बताया कि वे सभी नेट पास किए हुए हैं, उनमें से बहुत सारे पीएचडी हैं और जीआरफ क्वालिफाइड हैं। बावजूद इसके एचपीएससी का चेयरमैन उन्हें असिस्टेंट प्रोफेसर के पद के लायक नहीं मान रहे हैं और उलटा जिन यूनिवर्सिटी में वे पढ़े हैं उन यूनिवर्सिटी की पढ़ाई का स्तर बेहद खराब बताकर उनका और यूनिवर्सिटी का अपमान कर रहे हैं। अगर यूनिवर्सिटी मानक स्तर पर खरी नहीं है तो बीजेपी सरकार को सभी यूनिवर्सिटी को बंद कर देना चाहिए। धरनारत बच्चों ने बताया कि उन्होंने एचपीएससी से आंसर की (उत्तर कुंजी) मांगी लेकिन उन्हें वो भी नहीं दी गई। यह भी कहा कि 80 प्रतिशत से ज्यादा बाहर के लोगों को भर्ती किया जा रहा है और उनके हकों को मारा जा रहा है।
धरनारत बच्चों की बात सुनने के बाद कर्ण चौटाला ने मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि यह हरियाणा प्रदेश के पढ़े लिखे बच्चों के भविष्य का सवाल है और एचपीएससी उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। इनेलो धरने पर बैठे बच्चों का पूरी तरह से समर्थन करता है और जल्द ही जिला स्तर पर उपायुक्तों को ज्ञापन देंगे और जरूरत पड़ी तो इनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर इनकी लड़ाई को लड़ने का काम करेंगे। एचपीएससी के चेयरमैन द्वारा हरियाणा की यूनिवर्सिटी को बेकार बताने पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए कर्ण चौटाला ने कहा कि अगर हरियाणा की यूनिवर्सिटी बेकार हैं तो उन्हें मान्यता क्यों दी हुई है? यह सरासर बीजेपी सरकार की कमजोरी है। एचपीएससी के दफ्तर में पहले भी रिश्वत के करोड़ों रूपए पकड़े गए हैं और उसके खिलाफ भी हमने प्रदर्शन किए थे। अगर जरूरत पड़ी तो दोबारा से बड़ा प्रदर्शन करेंगे। धरने पर बैठी महिला अभ्यर्थियों की सुरक्षा पर पूछे गए सवाल पर कहा कि हम चौबिस घंटे इनके साथ खड़े हैं और उन्होंने अपना और इनेलो के प्रधान महासचिव गौरव संपत सिंह का फोन नंबर दे दिया है और हर तरह की सहायता की जाएगी।