चण्डीगढ़,01.07.20- : रूरल एजुकेशन वेलफेयर एसोसिएशन ग्रामीण शिक्षा के लिए विशेष रूप से गावों के प्राइवेट स्कूलों का मार्गदर्शन करती है। इसका कार्य गावों के प्राइवेट स्कूलों का उत्थान करना है। रेवा के प्रधान वीबी कपिल की अध्यक्षता में एसोसिएशन के पदाधिकारियों का एक प्रतिनिधिमंडल नवनियुक्त डीईओ हरबीर सिंह, डिप्टी डीईओ - I रविंदर कौर और डिप्टी डीईओ -II नीना कालिया को गांव के सभी स्कूलों की तरफ से बधाई दी। कपिल ने नवनियुक्त डीईओ हरबीर सिंह से आग्रह किया कि कोविड-19 के कारण गांवों के स्कूलों की कुछ समस्याएं उत्पन्न हुई हैं। इनसे अवगत कराने के लिए उन्होंने डीईओ से शीघ्र समय मांगा है।
एसोसिएशन के प्रधान वीबी कपिल ने बताया कि गांवों में आर्थिक तौर से कमजोर वर्ग के लोगों के बच्चे इन स्कूलों में शिक्षा ग्रहण करते हैं। ये स्कूल नो प्रॉफिट नो लॉस के आधार पर कार्य करते हैं। इन स्कूलों के विकास के लिए रेवा यानि रूरल एजुकेशन वेलफेयर एसोसिएशन दृढ़ संकल्प है।
कपिल ने बताया कि इस एसोसिएशन का कार्य शिक्षा की गुणवत्ता को बनाए रखना है। चंडीगढ़ के सभी ग्रामीण क्षेत्रों के अधिकतर स्कूल इस एसोसिएशन के सदस्य हैं। एसोसिएशन के पदाधिकारी दिन- रात अथाह परिश्रम के द्वारा इन स्कूलों की समस्या का समाधान करने के लिए अग्रसर हैं। रेवा की सचिव हिमानी शर्मा ने बताया कि एसोसिएशन के अभूतपूर्व कार्य प्रशंसनीय रहे हैं।
रेवा के उपप्रधान डीएस अरोड़ ने बताया कि यह एसोसिएशन शिक्षा जैसे पवित्र कार्य के लिए समर्पित है। एसोसिएशन के प्रेस प्रवक्ता डॉ. विनोद कुमार शर्मा ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों के अधिकतर सभी स्कूलों का सराहनीय योगदान रहता है। इस मौके पर विशेष तौर पर संगठन सचिव जसविंदर कौर, वित्त सचिव प्रदीप शर्मा, संयुक्त वित्त सचिव विजय शर्मा और ऑडिटर संजीव जोशी भी उपस्थित थे।