चंडीगढ़, 8 जुलाई, 2026:पंजाब के राज्यपाल एवं U.T. चंडीगढ़ के प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया ने आज मुख्य सचिव श्री एच. राजेश प्रसाद, पंजाब के राज्यपाल के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री विवेक प्रताप सिंह, वित्त सचिव श्री दीपर्वा लाकड़ा, गृह सचिव श्री मंदीप सिंह बराड़, राज्य परिवहन प्राधिकरण के सचिव श्री नितिश सिंगला, निदेशक परिवहन-सह-मंडलीय प्रबंधक, चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग (CTU) श्री अविकेश गुप्ता तथा चंडीगढ़ प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर चंडीगढ़ में सार्वजनिक परिवहन तथा ऐप-आधारित परिवहन एग्रीगेटर सेवाओं की कार्यप्रणाली की समीक्षा की।

कुशल, सुलभ और सतत सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था पर बल देते हुए प्रशासक ने अधिकारियों को उच्च मांग वाले मार्गों पर बसों की आवृत्ति बढ़ाने, कम मांग वाले मार्गों पर सेवाओं का युक्तिसंगत पुनर्गठन करने तथा चंडीगढ़, मोहाली, पंचकूला, जीरकपुर और खरड़ सहित ट्राइसिटी क्षेत्र के भीतर बेहतर संपर्क सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही पंजाब और हरियाणा के साथ अंतरराज्यीय बस संपर्क को भी सुदृढ़ करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि यात्रा समय में कमी और बेहतर मार्ग नियोजन से अधिक से अधिक लोग सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित होंगे।

परिवहन व्यवस्था के आधुनिकीकरण की समीक्षा करते हुए श्री कटारिया ने लो-फ्लोर एवं इलेक्ट्रिक बसों के बेड़े का विस्तार करने तथा परिचालन दक्षता और जनसुविधा बढ़ाने के लिए ग्रिड-आधारित रूट प्लानिंग मॉडल की व्यवहार्यता का अध्ययन करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के क्रियान्वयन की भी समीक्षा की। अधिकारियों ने बताया कि इस योजना के अंतर्गत 100 इलेक्ट्रिक बसें स्वीकृत की गई हैं, जिनमें से 80 पहले ही परिचालन में हैं, जबकि बेड़े को और सुदृढ़ करने के लिए 328 अतिरिक्त इलेक्ट्रिक बसों का प्रस्ताव तैयार किया गया है।

प्रशासक ने लंबी दूरी के बस मार्गों की परिचालन एवं वित्तीय व्यवहार्यता का व्यापक आकलन करने के निर्देश भी दिए। सीटीयू की वित्तीय स्थिरता को मजबूत बनाने के लिए उन्होंने बसों तथा परिवहन अवसंरचना पर विज्ञापनों के माध्यम से गैर-किराया राजस्व बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया। साथ ही डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड, भौतिक बस समय-सारिणी तथा क्यूआर कोड आधारित सूचना प्रणाली के माध्यम से यात्रियों को बेहतर सूचना उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। बैठक में उन्हें वर्तमान में संचालित मासिक छात्र, सामान्य तथा पर्यटक बस पास व्यवस्था की जानकारी दी गई, जबकि कर्मचारियों के लिए बस पास शुरू करने के प्रस्ताव पर विचार किया जा रहा है।

ऐप-आधारित परिवहन एग्रीगेटर सेवाओं की समीक्षा के दौरान प्रशासक को चंडीगढ़ प्रशासन मोटर वाहन एग्रीगेटर नियम, 2025 के अंतर्गत लागू नियामक ढांचे, अधिसूचित किराया संरचना तथा प्रवर्तन उपायों की जानकारी दी गई। उन्होंने कहा कि एक सुव्यवस्थित एवं प्रभावी एग्रीगेटर व्यवस्था, ऐप-आधारित परिवहन सेवाओं को सुदृढ़ करने के साथ-साथ टैक्सी चालकों के हितों की रक्षा करे तथा जनसुरक्षा, पारदर्शिता और जनसुविधा सुनिश्चित करे। बैठक में बाइक टैक्सी सेवाओं के लिए प्रस्तावित नियामक ढांचे पर भी विस्तृत चर्चा की