DHALPUR, 09.01.26-भारत में ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जल संरक्षण सहित अन्य मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार के द्वारा अब मनरेगा को नए सिरे से भी वीबी जी राम जी योजना के नाम से क्रियान्वयन किया है। लेकिन कांग्रेस इस योजना को लेकर आम जनता को भ्रम में डाल रही है। जबकि सच्चाई यह है कि कांग्रेस को इस योजना में राम जी का नाम आने से दिक्कत आ रही है। लेकिन भाजपा कांग्रेस पार्टी के संस्थापक स्वर्गीय महात्मा गांधी के ग्रामीण स्वराज के सपने को आज देश में पूरा कर रही है। ढालपुर में पत्रकारों को जानकारी देते हुए भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि मनरेगा योजना का नया नाम अब विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) रखा गया हैं। इस योजना के तहत हिमाचल प्रदेश में 90 प्रतिशत राशि केंद्र सरकार के द्वारा खर्च की जाएगी और 10% राशि प्रदेश सरकार को खर्च करनी होगी। इतना ही नहीं पहले मजदूर को उनका पैसा आने के लिए भी कई महीनो का इंतजार करना पड़ता था। लेकिन इसमें अब अधिनियम बनाया गया है और एक तय समय पर मजदूरों को उनकी मजदूरी की अदायगी भी करनी होगी। ऐसे में इस योजना के नए प्रावधानों से देश में पारदर्शिता आएगी और पंचायत ही सभी विकास कार्य को पूरा करने के लिए सक्षम होगी। पूर्व मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि पहले इस योजना के तहत 100 दिन का रोजगार सुनिश्चित किया गया था। लेकिन अब केंद्र सरकार के द्वारा इसमें 125 दिन तय किए गए हैं। जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को काफी फायदा होगा। उन्होंने कांग्रेस पर इस मामले में राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि वह कह रहे हैं कि इससे महात्मा गांधी के नाम को हटाया जा रहा है। जबकि सच्चाई यह है कि महात्मा गांधी ने ही ग्रामीण स्वराज का सपना देखा था और भाजपा उसे पूरा कर रही है। ऐसे में इस योजना के नाम पर कांग्रेस के द्वारा जो धरने प्रदर्शन किया जा रहे हैं। वह तथ्यहीन है और वीबी जी राम जी योजना से देश के ग्रामीण परिवेश को आर्थिक रूप से मजबूती मिलेगी।